महानिदेशक, भाकृअनुप द्वारा बहुद्देश्‍यीय मछली नौका एफवी सागर हरिता का जलावतरण

18 अप्रैल, 2016, कोच्चि

डॉ. त्रिलोचन महापात्र, सचिव, डेयर एवं महानिदेशक, भाकृअनुप ने भाकृअनुप – केन्‍द्रीय मात्स्यिकी प्रौद्योगिकी संस्‍थान, कोच्चि द्वारा आज यहां आयोजित एक कार्यक्रम में 19.75 मीटर लंबी बहुद्देश्‍यीय मछली नौका, एफवी सागर हरिता का जलावतरण किया। इस नौका का निर्माण राष्‍ट्रीय कृषि विज्ञान निधि (ICAR-NASF) द्वारा वित्‍त पोषित परियोजना उष्‍णकटिबंधीय समुद्रों के लिए ग्रीन फिशिंग प्रणालियां’ के तहत किया गया है। अपने सम्‍बोधन में डॉ. महापात्र ने प्राकृतिक संसाधनों के  जिम्‍मेदारीपूर्ण हार्वेस्‍ट की जरूरत पर बल दिया और कहा कि विविधता को होने वाले खतरे, जलवायु विषय के संबंध में बदलावों तथा आर्थिक मूल्‍य  के संदर्भ में प्रत्‍येक क्षमताशील संसाधन का आकलन किया जाना चाहिए। उन्‍होंने सीआईएफटी की टीम को समय पर हरित मत्स्य नौका का निर्माण करने पर बधाई दी और उनके मतानुसार नए नौका द्वारा एक मॉडल के रूप में सेवा की जाएगी। नयी नौका चूंकि ईंधन प्रभावी है और इसमें कम मात्रा में ग्रीनहाउस गैस उत्‍पन्‍न होती है इसलिए इससे प्रदूषण के स्‍तर में कमी होगी और पर्यावरणीय चिन्‍ताओं का  बेहतर तरीके से समाधान किया जा सकेगा। डॉ. महापात्र ने यह भी दोहराया कि यह नौका मछली अनुसंधान कार्य तथा मछली पकडने के आधुनिक तरीकों में परम्‍परागत मछुआरों के प्रशिक्षण के लिए उपयोगी होगा।

Multi-purpose fishing vessel FV Sagar Harita Launched by Director General, ICAR at CochinMulti-purpose fishing vessel FV Sagar Harita Launched by Director General, ICAR at CochinMulti-purpose fishing vessel FV Sagar Harita Launched by Director General, ICAR at CochinMulti-purpose fishing vessel FV Sagar Harita Launched by Director General, ICAR at Cochin

श्री छबिलेन्‍द्र राउल, आईएएस, अपर सचिव, डेयर एवं सचिव, भाकृअनुप ने उपस्थित जनों को सम्‍बोधित करते हुए इस नवीन विकास के लिए सीआईएफटी की टीम की प्रशंसा की।

डॉ. जे.के. जेना, उप महानिदेशक (मात्स्यिकी विज्ञान), भाकृअनुप ने कार्यक्रम की अध्‍यक्षता की।

आर. एडमिरल शेखर मित्‍तल, एनएम, आईएन (सेवानिवृत अध्‍यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, गोवा शिपयार्ड लि.); सुश्री लीना नायर, आईएएस ( अध्‍यक्ष, समुद्रीय उत्‍पाद निर्यात विकास प्राधिकरण); डॉ. के. गोपकुमार ( पूर्व उप महानिदेशक, मात्स्यिकी, भाकृअनुप) ने भी अपने विचार प्रकट किए।

डॉ. पी. प्रवीण, अपर महानिदेशक (समुद्री मात्स्यिकी), भाकृअनुप, नई दिल्‍ली; डॉ; ए. गोपाल कृष्‍णनन, निदेशक, भाकृअनुप – सीएमएफआरआई, कोच्चि; डॉ. पवन कुमार अग्रवाल, सहायक महानिदेशक (राष्‍ट्रीय कृषि विज्ञान निधि), भाकृअनुप; तथा श्री आर.सी. सिन्‍हा, निदेशक, सीआईएफएनईटी, कोच्चि भी इस अवसर पर उपस्थित थे।

डॉ. रवि शंकर, सी.एन. (निदेशक, भाकृअनुप – सीआईएफटी) ने सभी का स्‍वागत किया और डॉ. लीला एडविन (अध्‍यक्ष, फिशिंग प्रौद्योगिकी प्रभाग, भाकृअनुप – सीआईएफटी) ने धन्‍यवाद ज्ञापन प्रस्‍तुत किया।

श्रीमती कल्‍पना महापात्र, पत्‍नी डॉ. त्रिलोचन महापात्र ने भी कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई और एनआईपीएचएटीटी जेट्टी, कोच्चि में अन्‍य अतिथिगणों के साथ नई नौका के जलावतरण में सम्मिलित  हुईं।

(स्रोत : भाकृअनुप – केन्‍द्रीय मात्स्यिकी प्रौद्योगिकी संस्‍थान, कोच्चि)