उत्‍तरी जोन छात्र अनुसंधान सम्‍मेलन (अन्‍वेषण – 2015)

28-29 दिसम्‍बर, 2015, करनाल

हमारे उच्‍चतर शिक्षा संस्‍थानों में अनुसंधान संस्‍कृति विकसित करने के उद्देश्‍य से एसोसिएशन ऑफ इंडियन यूनिवर्सीटीज (एआईयू), नई दिल्‍ली ने देशभर के आकांक्षी अनुसंधानकर्मियों के लिए छात्र अनुसंधान सम्‍मेलन आयोजित करने की एक अग्रणी पहल की है।  इन सम्‍मेलनों का उद्देश्‍य युवा और उभरती प्रतिभाओं की पहचान करना है जिन्‍हें समुचित प्रोत्‍साहन और प्रेरणा से आगे बढ़ाया जाएगा।

North Zone Students Research Convention (ANVESHAN-2015)North Zone Students Research Convention (ANVESHAN-2015)North Zone Students Research Convention (ANVESHAN-2015)

इस संबंध में अन्‍वेषण – 2015 का जोनल आयोजन (उत्‍तरी जोन)  किया गया। इस छात्र अनुसंधान सम्‍मेलन का आयोजन भाकृअनुप – राष्‍ट्रीय डेरी अनुसंधान संस्‍थान, करनाल द्वारा दिनांक 28-29 दिसम्‍बर, 2015 को करनाल में किया गया। जम्‍मू-कश्‍मीर, पंजाब, हरियाणा, उत्‍तराखण्‍ड, हिमाचल प्रदेश और उत्‍तरप्रदेश के 20 विश्‍वविद्यालयों के लगभग 85 अनुसंधान स्‍कॉलरों ने इस सम्‍मेलन में भाग लिया।

सम्‍मेलन का उद्घाटन डॉ. गुरबचन सिंह, अध्‍यक्ष, कृषि वैज्ञानिक चयन मंडल, नई दिल्‍ली ने दिनांक 28 दिसम्‍बर, 2015 को किया। अपने उद्घाटन संबोधन में डॉ. सिंह ने युवा अनुसंधानकर्मियों को ऐसा अनुसंधान करने के लिए प्रोत्‍साहित किया जिससे उनके संबंधित संस्‍थानों और राष्‍ट्र की ख्‍याति बढ़े।

कार्यक्रम की अध्‍यक्षता प्रो. ए.के. श्रीवास्‍तव, निदेशक एवं कुलपति, भाकृअनुप – राष्‍ट्रीय डेरी अनुसंधान संस्‍थान, करनाल ने की। प्रोफेसर श्रीवास्‍तव ने पेन्सिलिन एंटीबायोटिक की अकस्‍मात अनुसंधान खोज का उदाहरण देते हुए छात्रों को प्रोत्‍साहित किया ।

(स्रोत : भाकृअनुप – राष्‍ट्रीय डेरी अनुसंधान संस्‍थान, करनाल)