मजौली, असम में किसान मेला व प्रौद्योगिकी प्रदर्शन

19 जनवरी, 2016, मजौली, जोरहाट, असोम

भाकृअनुप – भारतीय पशु चिकित्‍सा अनुसंधान संस्‍थान (IVRI) द्वारा अपने पूर्वी क्षेत्र केन्‍द्र, कोलकाता और गैर-सरकारी संगठन श्री श्री उत्‍तर कमलाबाड़ी सत्रा, कमलाबाड़ी, मजौली के साथ दिनांक 19 जनवरी, 2016 को असोम के जोरहाट जिले में मजौली (विश्‍व का सबसे बड़ा नदी द्वीप) में एक दिवसीय किसान मेला व प्रौद्योगिकी प्रदर्शनी का आयोजन किया गया।

Kisan Mela- cum-Technology Demonstration organized at Majuli Kisan Mela- cum-Technology Demonstration organized at Majuli


श्री विशाल वसंत सोलंकी, जोरहाट के उपायुक्‍त ने मेले का उद्घाटन करते हुए किसानों के सामाजिक आर्थिक स्‍तर के उत्‍थान के लिए पशु पालन की महत्‍ता पर बल दिया।

डॉ. ए.के. गर्ग, संयुक्‍त निदेशक, भाकृअनुप – भारतीय पशु चिकित्‍सा अनुसंधान संस्‍थान, इज्‍जतनगर ने वैक्‍सीन, नैदानिकी तथा अन्‍य पशु स्‍वास्‍थ्‍य और उत्‍पादन पहलुओं के विकास में भाकृअनुप – भारतीय पशु चिकित्‍सा अनुसंधान संस्‍थान द्वारा की गई प्रौद्योगिकीय प्रगति के बारे में बताया।

श्री जनार्दन देव गोस्‍वामी, सत्राधिकार, उत्‍तर कमलाबाड़ी सत्रा; डॉ. ए. मित्रा, निदेशक भाकृअनुप – राष्‍ट्रीय मिथुन अनुसंधान केन्‍द्र, नगालैंड तथा डॉ. एस. रे, अध्‍यक्ष, भाकृअनुप – एनबीएसएस एंड एलयूपी, जोरहाट ने भी इस अवसर पर किसानों को सम्‍बोधित किया।

भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के अनेक स्‍थानीय संस्‍थानों तथा असोम सरकार के विभागों द्वारा मेले  में कृषि फार्म उपकरणों और मशीनरी सहित अपनी विभिन्‍न प्रौद्योगिकियों को प्रदर्शित किया।

मेले में बीस प्रगतिशील किसानों को सम्‍मानित किया गया और पुरस्‍कार दिया गया।

मेले के दौरान किसानों तथा वैज्ञानिकों के बीच एक इन्‍टरफेस बैठक आयोजित की गई जिसमें वैज्ञानिकों तथा विशेषज्ञों ने किसानों की समस्‍याओं के समाधान प्रस्‍तुत किए।

एक विशेष पारस्‍परिक सत्र में मजौली के विभिन्‍न कॉलेजों के छात्रों को कैरियर विकास में कृषि तथा पशु विज्ञान की भूमिका के बारे में जागरूक किया गया और विभिन्‍न प्राणिरूजा रोगों की भूमिका और उनकी रोकथाम के बारे में जानकारी दी गई।

इस किसान मेले में मजौली तथा आसपास स्थित गांवों के लगभग 500 किसानों व कृषिरत महिलाओं ने भाग लिया।

(स्रोत : भाकृअनुप – भारतीय पशु चिकित्‍सा अनुसंधान संस्‍थान (IVRI) )