शूकर पर भाकृअनुप – एआईसीआरपी और विशाल बीज परियोजना की वार्षिक समीक्षा बैठक

6 जून, 2016, गोवा

शूकर पर भाकृअनुप - एआईसीआरपी और विशाल बीज परियोजना की वार्षिक समीक्षा बैठक गोवा में 6 - 7 जून, 2016 को आयोजित की गई।

Annual Review Meeting of ICAR - AICRP on Pig and Mega Seed Project Annual Review Meeting of ICAR - AICRP on Pig and Mega Seed Project

श्री फ्रांसिस डिसूजा, गोवा के उपमुख्यमंत्री इस बैठक के मुख्य अतिथि थे। उन्होंने स्थानीय शूकर की विशेषताएं दर्ज करने और इनकी संख्या बढ़ाने के लिए वैज्ञानिकों से आग्रह किया। क्योंकि शूकर की देसी नस्ले विदेशी नस्ल की अपेक्षा रोग प्रतिरोधी है।

डॉ. नरेंद्र प्रताप सिंह, निदेशक, भाकृअनुप – सीसीएआरआई, गोवा ने संस्थान द्वारा विकसित तकनीकों एवं गतिविधियों के बारे में जानकारी दी।

डॉ. डी.के. सरमा, निदेशक, भाकृनुप – राष्ट्रीय शूकर अनुसंधान केन्द्र ने लगातार बढ़ती मानव जनसंख्या के कारण शूकर के मांस की बढ़ती मांग को देखते हुए शूकर उत्पादन के महत्व पर बल दिया।

डॉ आर.एस. गांधी, एडीजी (एपी एंड बी) ने स्थानीय जर्मप्लाज्म के संरक्षण के महत्व पर सविस्तार चर्चा की।

डॉ. संतोष देसाई निदेशक, एएच एंड वी.एस. विभाग ने गोवा में शूकर पालन की स्थिति पर प्रकाश डाला और शूकर पालकों को पशुपालन व पशु चिकित्सा सेवा विभाग द्वारा प्रदान की जा रही विभिन्न सेवाओं के बारे में जानकारी दी।

प्रगतिशील शूकर पालकों, श्री कस्टोडियो फर्नांडीस ने कृत्रिम गर्भाधान प्रौद्योगिकी द्वारा शूकर पालन से हुए आर्थिक सुधार पर अपने विचार व्यक्त किए।

(स्रोत: भाकृअनुप - केंद्रीय तटीय कृषि अनुसंधान संस्थान, गोवा)