पुष्पोत्पादन द्वारा खेती से दोगुनी आय की क्षमता

21 अक्टूबर 2016, पुणे

डॉ. त्रिलोचन महापात्र, सचिव (डेयर) और महानिदेशक (भाकृअनुप) द्वारा 21 अक्टूबर, 2016 को भाकृअनुप – पुष्प विज्ञान अनुसंधान निदेशालय, पुणे का दौरा किया गया।

Floriculture has a potential to double the farm income says DG, ICARFloriculture has a potential to double the farm income says DG, ICAR

डॉ. त्रिलोचन महापात्र ने संस्थान के वैज्ञानिकों से बात करते हुए प्रमुख जैविक खतरों और किसानों की तत्काल जरूरत की प्रौद्योगिकियों की पहचान करने के लिए सरल नैदानिक उपकरण विकसित करने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि प्रजनन पूर्व, बायोमोलिक्यूल रूपरेखा, लम्बवत खेती, कीट, सूत्रकृमि तथा संक्रामक रोगों का जैव नियंत्रण जैसे कुछ क्षेत्र हैं जिन पर केन्द्रित होने की आवश्यकता है।
महानिदेशक महोदय ने कहा कि सरकार की आकांक्षाओं के अनुरूप पुष्पोत्पादन में ऐसी क्षमता है जिससे किसानों की आय दोगुनी की जा सके।

डॉ. महापात्र ने "फ्लोरी न्यूज" नामक आईसीएआर-डीएफआर के कार्यकारी समाचार पत्र प्रवेशांक और पत्रिकाएं ‘पेटल्स’ (अंग्रेजी) तथा ‘पंखुड़ी’ (हिन्दी) को भी जारी किया। इसके साथ ही उन्होंने पुनर्निमित पौध घर का उद्घाटन किया और उस में जारी प्रयोगों की समीक्षा की।

डॉ. महापात्र ने स्वच्छ भारत अभियान पखवाड़ा में भाग लिया और स्वच्छ किट वितरित किये।

(स्रोत: भाकृअनुप – पुष्प विज्ञान अनुसंधान निदेशालय, पुणे)