भाकृअनुप महानिदेशक द्वारा भाकृअनुप-एनआईवीईडीआई में प्रशिक्षण केन्द्र व किसान हॉस्टल का शिलान्यास

19 मई, 2016, बैंगलूरू

डॉ. त्रिलोचन महापात्र, सचिव, डेयर और महानिदेशक, भाकृअनुप ने भाकृअनुप - राष्ट्रीय पशुरोग, जानपदिक एवं सूचना विज्ञान संस्थान (निवेदी), बैंगलूरू का दौरा किया और संस्थान में प्रशिक्षण एवं किसान हॉस्टल का शिलान्यास किया।

DG, ICAR Laid Foundation Stone of Training cum Farmers' Hostel at ICAR-NIVEDIDG, ICAR Laid Foundation Stone of Training cum Farmers' Hostel at ICAR-NIVEDI

डॉ. महापात्र ने किसानों के कल्याण व आजीविका बढ़ाने के लिए प्रमुख क्षेत्रों में अनुसंधान को बढ़ावा हेतु वैज्ञानिकों से आग्रह किया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि युवा वैज्ञानिकों को विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञों के साथ लक्ष्य की दिशा में काम करने के लिए स्वतंत्र विचारों का होना चाहिए। इससे लागत की बचत करने वाली तकनीकों के साथ ही वैज्ञानिक उन्नति से देश के विकास में योगदान मिलेगा।

उन्होंने प्रतिष्ठित डीबीटी-बायोटेक उत्पाद और प्रसंस्करण विकास और व्यावसायीकरण पुरस्कार - 2016 के विजेताओं को बधाई दी। यह पुरस्कार भारत में ब्रूसीलोसिस (जीवाणु) की निगरानी में नवोन्मेषी निदान संबंधी तकनीक को बढ़ावा देने के लिए दिया जाता है। इसके अलावा उन्होंने संस्थान में "स्टेट ऑफ आर्ट बीएसएल सुविधा केन्द्र" के कामकाज की सराहना की।

महानिदेशक महोदय ने संस्थान की "पशु प्रहरी" नामक राजभाषा पत्रिका के पहले अंक का विमोचन किया।

डॉ. एच. रहमान, उपमहानिदेशक (पशु विज्ञान) ने पुरस्कार विजेताओं को बधाई दी और भाकृअनुप - निवेदी के वैज्ञानिकों के प्रयासों की सराहना की।

डॉ. बी. आर. सोम, निदेशक (कार्यवाहक), भाकृअनुप – निवेदी ने एआईसीआरपी - एडीएमएएस की भाकृअनुप – निवेदी तक की यात्रा के बारे में जानकारी दी। इसके साथ ही उनहोंने गणमान्यों के समक्ष संस्थान के अनुसंधान और विस्तार गतिविधियों के बारे में मूल्यांकन प्रस्तुत किया।

गणमान्यों ने संस्थान की विभिन्न सुविधाओं सहित बीएसएल -2 ++ प्रयोगशाला का दौरा किया और इस अवसर पर पौधरोपण किया।

विभिन्न संस्थानों के निदेशक और आईसीएआर बेंगलुरु में स्थित संस्थानों के वरिष्ठ अधिकारी भी इस आयोजन में शामिल थे।

(स्रोतः भाकृअनुप – राष्ट्रीय पशुरोग, जानपदिक एवं सूचना विज्ञान संस्थान, बैंगलूरू)