गाजियाबाद में प्रधान मंत्री फसल बीमा योजना जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन

11th अप्रैल, 2016, मेरठ

सरदार वल्‍लभ भाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्‍वविद्यालय, मेरठ, उत्‍तर प्रदेश के अंतर्गत कृषि विज्ञान केन्‍द्र, गाजीपुर द्वारा भाकृअनुप-अटारी, कानपुर के सहयोग से दिनांक 11 अप्रैल, 2016 को 'प्रधान मंत्री फसल बीमा योजना' पर एक दिवसीय जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम को गाजियाबाद जिले के सांसद द्वारा अंगीकृत गांव धौलाना में आयोजित किया गया।

Prime Minister Fasal Bima Yojana Awareness Programme at  GaziabadPrime Minister Fasal Bima Yojana Awareness Programme at  Gaziabad

भारत सरकार के माननीय विदेश राज्‍य मंत्री जन. (सेवानिवृत्‍त) वी.के. सिंह ने योजना की मुख्‍य विशेषताओं पर प्रकाश ड़ालते हुए किसानों से इस योजना का अधिकतम लाभ उठाने का अनुरोध किया। उन्‍होंने कार्यक्रम में उपस्थित किसानों को बताया कि जहां इससे पहले वाली बीमा योजनाओं में बहुत अधिक प्रीमियम देना पड़ता था जिससे बीमा एजेन्सियों को कहीं ज्‍यादा लाभ मिलता था वहीं इस बीमा योजना के वर्तमान प्रारूप में किसानों द्वारा बहुत कम प्रीमियम राशि देने की जरूरत है और साथ ही इसमें उनकी फसलों तथा पशुओं को सबसे अधिक जोखिम के लिए सुरक्षा प्रदान की जाती है। माननीय मंत्री महोदय ने कहा कि बदलते जलवायु परिवर्तन को देखते हुए अंतर फसलचक्र को तथा मिश्रित फसलचक्र प्रणाली को बढ़ावा देने की जरूरत है ताकि फसल नुकसान के जोखिम को कम किया जा सके। उन्‍होंने पशु पालन और जैविक खेती को साथ-साथ अपनाने के लिए कहा। जनरल सिंह ने उपस्थित किसानों से कहा कि बैमौसमी सब्जियों को उगाने और कृषि से अधिकतम आमदनी अर्जित करने के लिए सं‍रक्षित कृषि प्रौद्योगिकी छोटी कृषिजोत के किसानों के लिए वरदान साबित हो सकती है।

डॉ. राजेन्‍द्र प्रसाद, महानिदेशक, उत्‍तर प्रदेश कृषि अनुसंधान परिषद, लखनऊ ने बताया कि पिछले दो वर्षों में दो बार लगातार सूखा जैसी स्थिति बने रहने के कारण भारत सरकार के लिए फसल बीमा की ऐसी इनोवेटिव तथा व्‍यापक योजना को तैयार करना और उसे लागू करना जरूरी हो गया है।

डॉ. रघुबीर सिंह, निदेशक (प्रसार), सरदार वल्‍लभ भाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्‍वविद्यालय, मेरठ, उत्‍तर प्रदेश ने अपने कार्य क्षेत्राधिकार के अंतर्गत आने वाले कृषि विज्ञान केन्‍द्रों की प्रमुख उपलब्धियों पर प्रकाश ड़ाला।

डॉ. शान्‍तनु कुमार दुबे, प्रधान वैज्ञानिक (कृषि प्रसार), भाकृअनुप-अटारी, कानपुर ने उत्‍तर प्रदेश और उत्‍तराखण्‍ड़ राज्‍य में स्थित कृषि विज्ञान केन्‍द्रों द्वारा भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद द्वारा अभी हाल ही में प्रारंभ किए गए मृदा स्‍वास्‍थ्‍य कार्ड, खरीफ-पूर्व और रबी-पूर्व अभियान, आर्या, मेरा गांव – मेरा गौरव, फार्मर फर्स्‍ट आदि जैसे नए और नवोन्‍मेषी अग्रिम पंक्ति प्रसार कार्यक्रमों के बारे में की गई प्रगति पर प्रकाश ड़ाला।

(स्रोत : भाकृअनुप- अटारी, कानपुर)