भाकृअनुप-डीएमएपीआर, आनंद ने संस्थान अनुसंधान समिति की बैठक की आयोजित

भाकृअनुप-डीएमएपीआर, आनंद ने संस्थान अनुसंधान समिति की बैठक की आयोजित

31 अगस्त 2026, आनंद

भाकृअनुप-औषधीय एवं सुगंधित पादप अनुसंधान निदेशालय (भाकृअनुप-डीएमएपीआर), आनंद, गुजरात द्वारा 25, 27 और 28 अगस्त, 2026 को संस्थान अनुसंधान समिति (आआरसी) की बैठक आयोजित की गई। तीन दिवसीय आईआरसी बैठक की अध्यक्षता डॉ. मनीष दास, निदेशक, भाकृअनुप-डीएमएपीआर, आनंद, गुजरात ने की।

डॉ. मनीष दास ने अपने संबोधन में स्वास्थ्य और कल्याण के लिए औषधीय एवं सुगंधित पौधों (एमएपी) की मूल्य श्रृंखलाओं के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने लक्ष्य निर्धारण और निगरानी, मूल्यांकन, सीखने तथा प्रभाव आकलन (एमईएलआए) के दृष्टिकोण से कार्यक्रमों की समीक्षा की।

ICAR-DMAPR, Anand Organizes Institute Research Committee Meeting

बैठक में मुख्य रूप से संस्थान में क्रियान्वित किए जा रहे अनुसंधान कार्यक्रमों की समीक्षा पर ध्यान केंद्रित किया गया। समग्र स्वास्थ्य को बढ़ावा देने में औषधीय एवं सुगंधित पौधों के महत्व पर जोर दिया गया। व्यय वित्त समिति (ईएऐपसी) ज्ञापन, अनुसंधान सलाहकार समिति (आरएसी) और पंचवर्षीय समीक्षा दल (क्यूआरटी) की सिफारिशों के कार्यान्वयन में अधिक समन्वय की आवश्यकता पर भी प्रकाश डाला गया।

ICAR-DMAPR, Anand Organizes Institute Research Committee Meeting

पादप आनुवंशिक संसाधन प्रबंधन, फसल सुधार, फसल उत्पादन, फसल संरक्षण, फाइटोकैमिस्ट्री तथा प्रौद्योगिकी प्रसार और विस्तार गतिविधियों को शामिल करते हुए कुल छह कार्यक्रमों के अंतर्गत 17 परियोजनाओं की समीक्षा की गई।

आईसीएआर-डीएमएपीआर, आनंद के वैज्ञानिकों ने उक्त कार्यक्रमों के अंतर्गत अपने अनुसंधान की प्रगति के साथ-साथ कार्ययोजना प्रस्तुत की। संस्थान द्वारा जारी करने के लिए दो किस्मों—सेन्ना (Cassia angustifolia) की वल्लभ सेन्ना-1 और कालमेघ (Andrographis paniculata) की वल्लभ विश्व कालमेघ (VVK-2)—के विमोचन प्रस्तावों पर चर्चा की गई।

(स्रोत: भाकृअनुप-औषधीय एवं सुगंधित पादप अनुसंधान निदेशालय, आनंद, गुजरात)

×