| 1931 |
भाकृअनुप-एनआईएएनपी ने मवेशी के दूध वसा को फिर से डिजाइन करने के लिए फाइटो-सप्लीमेंट 'ओएमईबी' का किया व्यवसायीकरण |
| 1932 |
भाकृअनुप-सिफरी ने ग्लोकस एग्रोचेम प्रा. लिमि. के साथ "भाकृअनुप-सिफरी केजग्रो" फ्लोटिंग फीड के लाइसेंस समझौते पर किए हस्ताक्षर |
| 1933 |
Agriculture Commission, Assam visits ICAR-IARI, Assam |
| 1934 |
भाकृअनुप संस्थानों ने "विश्व बौद्धिक संपदा दिवस" मनाया |
| 1935 |
कसावा मिलीबग के उत्तम जैविक नियंत्रण के लिए केरल में विदेशी पैरासाइटोइड्स, एनागाइरस लोपेजी का विमोचन |
| 1936 |
झारखंड के साहिबगंज में भाकृअनुप-सिफरी द्वारा साठ हजार मछली के बीजों को रैन्च किया गया |
| 1937 |
कसावा मिलीबग के उत्तम जैविक नियंत्रण के लिए केरल में विदेशी पैरासाइटोइड्स, एनागाइरस लोपेजी का विमोचन |
| 1938 |
झारखंड के साहिबगंज में भाकृअनुप-सिफरी द्वारा साठ हजार मछली के बीजों को रैन्च किया गया |
| 1939 |
भाकृअनुप संस्थानों ने "विश्व बौद्धिक संपदा दिवस" मनाया |
| 1940 |
कृषि आयोग, असम ने भाकृअनुप-आईएआरआई, असम का किया दौरा |
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