भाकृअनुप-एनबीएफजीआर, लखनऊ द्वारा झारखंड में मछलियों के प्रमुख रोगों के प्रति जागरूकता कार्यक्रम और रिपोर्टफिशडिजीज ऐप का प्रचार-प्रसार

भाकृअनुप-एनबीएफजीआर, लखनऊ द्वारा झारखंड में मछलियों के प्रमुख रोगों के प्रति जागरूकता कार्यक्रम और रिपोर्टफिशडिजीज ऐप का प्रचार-प्रसार

1 अक्टूबर, 2026, रांची

भाकृअनुप-राष्ट्रीय मत्स्य आनुवंशिक संसाधन ब्यूरो, लखनऊ ने भारत सरकार के मत्स्य पालन विभाग द्वारा वित्तपोषित जलीय जीव रोगों के लिए राष्ट्रीय निगरानी कार्यक्रम (एनएसपीएएडी) के अंतर्गत आज रांची के धुर्वा स्थित मत्स्य किसान प्रशिक्षण केन्द्र में झारखंड मत्स्य निदेशालय के सहयोग से मछलियों के प्रमुख रोगों और रिपोर्टफिशडिजीज (आरएफडी) ऐप के प्रचार-प्रसार के संबंध में एक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया।

मत्स्य निदेशक श्री अमरेन्द्र कुमार ने कार्यक्रम का उद्घाटन किया और रोगों से होने वाले नुकसान को कम करने के लिए मछलियों में होने वाले रोगों की समय पर सूचना देने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने यह भी बताया कि झारखंड का राज्य मत्स्य विभाग प्रत्येक प्रशिक्षण कार्यक्रम में किसानों को आरएफडी ऐप के उपयोग के बारे में जानकारी दे रहा है।

Awareness programme on major fish diseases and the popularisation of the ReportFishDisease App in Jharkhand by ICAR-NBFGR, Lucknow

कार्यक्रम में प्रतिभागियों को जलीय कृषि के गहन विस्तार और विविधीकरण से उत्पन्न होने वाले रोगों के जोखिमों के बारे में जानकारी दी गई। रोगों की त्वरित सूचना देने के लिए रिपोर्टफिशडिजीज ऐप के उपयोग के महत्व पर भी जोर दिया गया। प्रतिभागियों को प्रमुख मत्स्य रोगों, उनके नैदानिक लक्षणों और प्रबंधन उपायों के बारे में अवगत कराया गया। सर्दियों के महीनों में पंगास मछली पालन के दौरान रोग प्रबंधन की जानकारी दी गई तथा समय पर रोगों की सूचना देने के लिए आरएफडी ऐप के उपयोग का प्रदर्शन किया गया।

इस कार्यक्रम में 12 जिलों के कुल 279 मत्स्य किसानों ने भाग लिया, जिनमें 219 पुरुष और 60 महिला प्रतिभागी शामिल थे।

(स्रोत: भाकृअनुप-राष्ट्रीय मत्स्य आनुवंशिक संसाधन ब्यूरो, लखनऊ)

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